भारतीय प्रबंधन संस्थान सिरमौर (आईआईएमएस) ने पेशेवरों के लिए दो कार्यकारी एमबीए कार्यक्रम शुरू करने के लिए शीर्ष फ्रांसीसी विश्वविद्यालयों के साथ सहयोग किया है।

ये कार्यक्रम दो वर्ष की अवधि के होंगे और हाइब्रिड मॉडल में पेश किए जाएँगे।

4 मई 2023

भारतीय प्रबंधन संस्थान सिरमौर (आईआईएमएस) वर्तमान शैक्षणिक वर्ष में दो नए एग्जीक्यूटिव एमबीए प्रोग्राम - जनरल मैनेजमेंट और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन एंड एनालिटिक्स - शुरू करने की घोषणा करते हुए गर्व महसूस कर रहा है। ये दोनों प्रोग्राम कामकाजी पेशेवरों के लिए डिज़ाइन किए गए हैं और इन्हें फ्रांस के बोर्डो विश्वविद्यालय और पेरिस विश्वविद्यालय के सहयोग से तैयार किया गया है। इनका उद्देश्य व्यावसायिक अग्रणियों को आज के तेजी से बदलते कार्य वातावरण में सफल होने के लिए आवश्यक ज्ञान और कौशल प्रदान करना है। ये विशेष रूप से तैयार किए गए कार्यक्रम उन पेशेवरों के लिए हैं जो अपने करियर को गति देना चाहते हैं और अपनी नेतृत्व क्षमता को बढ़ाना चाहते हैं।

दो साल के ये कार्यक्रम कामकाजी पेशेवरों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं, जिसमें व्यस्त शेड्यूल के तालमेल के लिए 'हाइब्रिड लर्निंग' (ऑनलाइन और ऑफलाइन का मिश्रण) के विकल्प दिए गए हैं। नियमित कक्षाएं ऑनलाइन आयोजित की जाएंगी, जबकि छात्रों को समय-समय पर 'पर्सनल कॉन्टैक्ट प्रोग्राम' (पीसीपी) के लिए कैंपस में आमंत्रित किया जाएगा। इन पीसीपी में से एक फ्रांस के एक सहयोगी विश्वविद्यालय में आयोजित किया जाएगा। दो साल सफलतापूर्वक पूरे करने पर, छात्रों को 'एग्जीक्यूटिव एमबीए' की डिग्री प्रदान की जाएगी। वे सभी छात्र जो अपना पहला वर्ष पूरा कर लेते हैं लेकिन दूसरा वर्ष पूरा करने में असमर्थ रहते हैं, उन्हें 'पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा' दिया जाएगा।

डिजिटल ट्रांसफ़ॉर्मेशन और एनालिटिक्स में कार्यकारी एमबीए का मकसद, मध्यम और वरिष्ठ अधिकारियों को कॉर्पोरेट जगत में नेतृत्व की भूमिकाओं के लिए तैयार करना है। इस प्रोग्राम का उद्देश्य उन अधिकारियों के करियर को गति देना है जो नेतृत्व की भूमिकाओं की आकांक्षा रखते हैं। अपने गहन पाठ्यक्रम के माध्यम से, यह प्रोग्राम कई तरह के लाभ प्रदान करता है, जैसे कि योग्य शिक्षकों तक पहुँच, उद्योग के साथ सहयोगात्मक संबंध, साथियों से सीखने के अवसर और पूर्व छात्रों का नेटवर्क। इसमें मुख्य रूप से केस-आधारित शिक्षण पद्धतियों का उपयोग किया जाएगा। समकालीन केस स्टडीज़ के माध्यम से, विभिन्न औद्योगिक पृष्ठभूमि से आए छात्र कक्षा में बौद्धिक चर्चाओं में शामिल होंगे, जिससे पेशेवर दक्षता बढ़ेगी और प्रबंधकीय उत्कृष्टता को बढ़ावा मिलेगा।

बिजनेस मैनेजमेंट में एग्जीक्यूटिव एमबीए, जनरल मैनेजमेंट में दो साल और चार सत्रों का एमबीए है। पहले दो सत्रों में मैनेजमेंट के सभी विषय जैसे मार्केटिंग, फाइनेंस, अकाउंटिंग, स्ट्रैटेजी, ऑर्गनाइज़ेशनल बिहेवियर (ओबी) और मानव संसाधन (एचआर), मैनेजमेंट इंफॉर्मेशन सिस्टम्स (एमआईएस), ऑपरेशंस मैनेजमेंट और क्वांटिटेटिव मेथड्स शामिल होंगे। तीसरे और चौथे सत्र में ऐच्छिक विषयों का एक समूह होगा। ये सभी पाठ्यक्रम आईआईएम सिरमौर और सहयोगी फ्रांसीसी विश्वविद्यालय के प्रतिष्ठित संकाय सदस्यों द्वारा पढ़ाए जाएंगे। प्रतिभागियों को व्यावहारिक और रणनीतिक जानकारी देने के लिए कुछ पाठ्यक्रम उद्योग जगत के विशेषज्ञों द्वारा भी पढ़ाए जा सकते हैं।

नए पाठ्यक्रमों के शुभारंभ के अवसर पर बोलते हुए, आईआईएम सिरमौर के निदेशक, डॉ. प्रफुल्ल अग्निहोत्री  ने कहा, "आज आईआईएम सिरमौर के लिए एक ऐतिहासिक दिन है क्योंकि हम फ्रांस के बोर्डो विश्वविद्यालय और पेरिस विश्वविद्यालय के सहयोग से अपने दो कार्यकारी (एग्जीक्यूटिव) कार्यक्रम शुरू कर रहे हैं। कार्यकारी शिक्षा की दुनिया में कदम रखते हुए, हम पेशेवरों को आज के तेजी से विकसित होते व्यावसायिक परिदृश्य (बिजनेस लैंडस्केप) में सफल होने के लिए आवश्यक ज्ञान और कौशल से सशक्त बनाने का प्रयास करेंगे। हमारा मानना है कि इन प्रतिष्ठित विश्वविद्यालयों के साथ हमारा सहयोग हमारे प्रतिभागियों के लिए वास्तव में वैश्विक और परिवर्तनकारी सीखने का अनुभव प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। हमें विश्वास है कि ये कार्यक्रम हमारे प्रतिभागियों और उनके संगठनों पर सकारात्मक प्रभाव डालेंगे, और हम भारत में कार्यकारी शिक्षा के भविष्य को आकार देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने पर गर्व महसूस कर रहे हैं।

दिनांक 11 नवंबर, 2022 को, भारतीय प्रबंधन संस्थान सिरमौर ने कामकाजी पेशेवरों के लिए  डुअल डिग्री एक्जीक्यूटिव एमबीए  कार्यक्रम स्थापित करने हेतु फ्रांस के  आईआईई कंसोर्टियम ऑफ यूनिवर्सिटीज  के साथ एक समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। आईआईएम सिरमौर के एक्जीक्यूटिव एमबीए कार्यक्रम का उद्देश्य रचनात्मकता, आलोचनात्मक सोच, संचार, रणनीतिक सोच और सटीक विश्लेषणात्मक कौशल को बढ़ावा देकर प्रभावी प्रबंधन पेशेवर, उद्यमी और जिम्मेदार नागरिक तैयार करना है। इसका लक्ष्य ऐसे प्रशिक्षित, सिद्धांतवादी और नवाचारी लीडर्स विकसित करना है जो उद्योग और दुनिया को सार्थक रूप से प्रभावित कर सकें। इन दो एक्जीक्यूटिव एमबीए कार्यक्रमों के शुभारंभ के साथ, आईआईएम सिरमौर  कार्यकारी शिक्षा  (एक्जीक्यूटिव एजुकेशन) की दुनिया में कदम रख रहा है।

भारतीय प्रबंधन संस्थान सिरमौर भारत सरकार द्वारा 2015 में स्थापित एक  राष्ट्रीय महत्व का संस्थान  है। शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार के तत्वावधान में एक प्रमुख संस्थान के रूप में, इसका उद्देश्य उच्च गुणवत्ता वाली प्रबंधन शिक्षा प्रदान करना और ज्ञान के संबद्ध क्षेत्रों एवं अंतःविषय अध्ययनों) को बढ़ावा देना है। आईआईएम सिरमौर देश के आईआईएम परिवार के नए संस्थानों में से एक है। आईआईएम सिरमौर द्वारा अपनाई जाने वाली शिक्षण पद्धति (वही कठोर मानक प्रदान करती है जो आईआईएम परिवार के अन्य सदस्यों के हैं। आईआईएम ब्रांड की विरासत को आगे बढ़ाते हुए, आईआईएम सिरमौर प्रबंधन विज्ञान में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, प्रशिक्षण और अनुसंधान प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। वर्तमान में आईआईएम सिरमौर तीन प्रमुख कार्यक्रम प्रदान करता है: मास्टर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (जनरल मैनेजमेंट), मास्टर ऑफ बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (टूरिज्म मैनेजमेंट) और प्रबंधन में पीएचडी कार्यक्रम।